एत्मादपुर में बिजली विभाग की घोर लापरवाही, फर्जी दस्तावेजों पर दे दिया कनेक्शन

0
  • पीड़िता ने कनेक्शन लेने से पूर्व लगाई थी आपत्ति
  • न्यायिक प्रक्रिया में लंबित है मामला

एत्मादपुर (आगरा)। कस्बे में विद्युत विभाग की लापरवाही और एक फौजी की विधवा महिला की जमीन को षड्यंत्र करके घेरने का मामला सामने आया है। शिकायत के बावजूद एत्मादपुर के विद्युत वितरण उपखंड से कागजात की बिना जांच किए विधवा महिला की जमीन पर नलकूप कनेक्शन की स्वीकृति दे दी गई। जबकि विधवा महिला की जमीन का वाद न्यायिक कोर्ट में लंबित है।
पीड़िता निकेतन शर्मा ने बताया कि उनकी जमीन का कुराबंदी का वाद विपक्षी लोकेंद्र कुमार से चल रहा है। आरोप है कि लोकेंद्र कुमार ने पीड़िता विधवा की जमीन पर नलकूप कनेक्शन ले लिया है। जबकि विधवा द्वारा विपक्षी द्वारा जमीन पर नलकूप कनेक्शन कराए जाने की आशंका को लेकर 4 अक्टूबर 2023 को ही विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता एके माथुर को प्रार्थना पत्र दिया था, बावजूद उसके विभाग ने 14 फरवरी 2024 को लोकेंद्र कुमार को नलकूप का कनेक्शन स्वीकृत कर दिया।

वही, जब जानकारी होने पर पीड़िता निकेतन शर्मा अधिशाषी अभियंता ए के माथुर से मिली तो पता चला कि बिना उनकी सहमति के फर्जी कुराबंदी का प्रपत्र लगाकर नलकूप का कनेक्शन विभाग ने स्वीकृत कर दिया गया है। जबकि कुराबंदी का वाद न्यायालय में विचाराधीन है। इसके बाद विद्युत विभाग ने अपनी गलती मानी और न्यायालय से प्रपत्र को प्रमाणित कर आवश्यक कार्यवाही करने की बात कही है।
लेकिन बड़ा सवाल या पैदा होता है कि अगर कोई घरेलू कनेक्शन करने के लिए आवेदन करता है, तो तमाम तरह की जांच विद्युत विभाग द्वारा की जाती हैं, और उसके लिए भी आदमी को कई दिन भटकना पड़ता है, लेकिन इतने बड़े कनेक्शन के लिए शिकायत पहले से विभाग के पास होने के बावजूद आखिरकार बिना कागजों की जांच किया विद्युत कनेक्शन कैसे स्वीकृत कर दिया गया। यही सवाल विद्युत विभाग की कार्यशैली पर बड़ा प्रश्न चिन्ह खड़ा कर रहा है।

समूचे प्रकरण में अधिशासी अभियंता एके माथुर ने बताया कि नलकूप का कनेक्शन फर्जी प्रपत्र के आधार पर स्वीकृत कर दिया गया है। फिलहाल मामले की जांच कराई जा रही है। संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *